आकर्षक प्रस्तुतियों के साथ समर कैम्प का समापन

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समर कैम्प

सिटी पैलेस में विद्यार्थियों ने थिएटर, नृत्य व संगीतमय प्रस्तुतियों से दर्षकों को किया मंत्रमुग्ध

जयपुर। पिछले एक माह से जयपुर सिटी पैलेस में महाराजा सवाई मान सिंह संग्रहालय, सिटी पैलेस,रंगरीत आर्ट स्कूल और सरस्वती कला केन्द्र के संयुक्त तत्वावधान में चल रहे समर कैम्प का समापन बुधवार को थियेटर, डांस और म्यूजिक की आकर्षक प्रस्तुतियों के साथ समारोहपूर्वक हुआ।

समर कैम्पसमारोह के मुख्य अतिथि महाराज नरेंद्र सिंह, विषिष्ट अतिथि, उस्ताद अहमद हुसैन और उस्ताद मुहम्मद हुसैन की उपस्थिती में यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। अध्यक्षता थियेटर के वरिष्ठ निर्देशक सरताज नारायण माथुर ने की। इस अवसर पर महाराज नरेंद्र सिंह ने सभी गुरुओं का आभार व्यक्त किया और कहा कि ये कार्यशालाएं युवा पीढ़ी को भविष्य के कलाकार बनाने में मदद करेगी।

समर कैम्पइस अवसर पर महाराज नरेंद्र सिंह ने दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का उद्घाटन किया और गुरूओं को सम्मानित किया। स्टूडेंट्स द्वारा बनायी गई जयपुर, बूंदी, कांगड़ा व झालावाड़ के विभिन्न स्कूलों की पारम्परिक मिनिएचर पेंटिंग्स और फोटोग्राफ्स की एग्जीबिषन का अवलोकन भी किया। कैम्प के दौरान स्टूडेंट्स द्वारा ये पेंटिंग्स बाबूलाल मारोटिया, हेमंत रामदेव और लक्ष्मी नारायण कुमावत के मार्गदर्षन में बनाई गई थी, जबकि योगेंद्र गुप्ता के मार्गदर्शन में फोटोग्राफी की गई थी।

समर कैम्पइसके पश्चात् उन स्टूडेंट्स की ओर से शास्त्रीय संगीत प्रस्तुतियों के तहत गणेश वंदना, सरस्वती वंदना एवं गजलें पेष की गई, जिन्होंने प्रसिद्ध शास्त्रीय गायकों, उस्ताद अहमद हुसैन व मोहम्मद हुसैन से प्रशिक्षण प्राप्त किया था। इसके उपरांत इंस्ट्रूमेंटल वर्कषाॅप के प्रतिभागियों द्वारा बांसुरी, सितार व गिटार पर प्रस्तुतियां दी गई। महाराज नरेंद्र सिंह ने स्वयं बांसुरी में अपने हाथ आजमायें। इन्होंने क्रमशः आर. डी. गौड़, हरिहर भट्ट एवं गौरव भट्ट के मार्गदर्षन में प्रशिक्षण प्राप्त किया था। बच्चों ने बाॅलीवुड के मधुर गीत ‘अजीब दस्तान है ये‘ पर गिटार की प्रस्तुति दी।

समर कैम्पसरताज नारायण माथुर एवं कशिश भाटिया के निर्देशन में पेश की गई 20 मिनट की थिएटर प्रस्तुति इस समारोह का एक अन्य आकर्षण रही। इस वर्कशॉप की खास बात यह थी कि इसके प्रतिभागियों द्वारा स्टेज प्ले के लिए स्क्रिप्ट स्वयं ही तैयार की गई थी। इसकी कहानी एक गांव में रहने वाले पिता व पुत्री के सम्बंध पर आधारित थी। इस प्रस्तुति के माध्यम से ’बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ का संदेश दिया गया। श्रीमती अदिति जैन के मार्गदर्शन में कथक व लोक नृत्य की प्रस्तुतियों के साथ समारोह का समापन हुआ।

समर कैम्पइससे पूर्व प्रातः सिटी पैलेस में ‘अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस‘ मनाने के लिए प्रातःकालीन योग सत्र का आयोजन किया गया। ‘राजस्थान स्वास्थ्य योग परिषद‘ की ओर से सुबह 9 बजे से सुबह 10 बजे तक यह सत्र आयोजित किया गया। रक्षा दाधीच और पूजा शर्मा के मार्गदर्शन में 30 से अधिक प्रतिभागियों ने विभिन्न यौगिक आसन किये।

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