जवाहर कला केंद्र की महानिदेशक के मनमाने रवैये और भ्रष्टाचार से तंग आए कलाकारों ने लगाई 100 से ज्यादा आरटीआई,
जयपुर। प्रदेश की कला और कलाकारों को मंच देने के मकसद से स्थापित जवाहर कला केंद्र में अफसरों की कारगुजारियों और कलाबाजियों से तंग आए जयपुर के कलाकारों ने आरटीआई को अपने हकों की हिफाजत के लिए हथियार बनाया है।
खासतौर पर दिल्ली की ‘खोज’ संस्था से जेकेके महानिदेशक से संबंधों के कारण हो रही गड़बड़ियों की खोज के लिए रंगकर्मियों सहित विभिन्न ललित कलाओं से जुड़े कलाकारों ने रविवार को अपना आक्रोश व्यक्त करने के लिए एक साथ एक सौ से अधिक आरटीआई अर्जियां लगाईं। करीब डेढ़ साल से महानिदेशक पद पर बैठी पूजा सूद के कार्यकाल को लेकर डेढ़ सौ से ज्यादा सवाल दागे गए हैं। इनमें महानिदेशक के उपस्थिति, बजट, खोज संस्था से उनके संबंध, खोज संस्था के पदाधिकारियों की जेकेके गवर्निंग कौंसिल में भागीदारी सहित विभिन्न मसलों से जुड़े सवाल शामिल हैं।
इस मौके पर आरटीआई आवेदक के तौर पर संयुक्त कलाकार मंच के बैनर तजे एकजुट हुए कलाकारों के मुताबिक, यह देश में पहली बार हुआ है कि इतने बड़े पैमाने पर कलाकारों ने एक साथ मिलकर इतने आरटीआई आवेदन किए हैं। इसका कारण भी जेकेके प्रशासन की कारगुजारियां हैं। कलाकारों ने कहा कि 2 नवंबर 2015 से पूजा सूद की जवाहर कला केंद्र में नियुक्ति के बाद से ही राजस्थान में कला संस्कृति का माहौल दूषित हो गया है और प्रदेश के स्थानीय कलाकारों की गंभीर अनदेखी की जा रही है। उन्होंने कहा कि आरटीआई एक शुरुआत है और आने वाले दिनों में आंदोलन के दूसरे तरीके भी काम में लिए जाएंगे। यदि कलाकारों का हक मारा गया तो जेकेके प्रशासन की ईंट से ईंट बजा दी जाएगी। 
इस दौरान वरिष्ठ रंगकर्मी माधव सिंह, दिलिप भट्ट, आरबी गौतम, गोपाल खेतांची. रवि माइकल, अमित कल्ला, हंसराज, एल एन नागा, लाखन सिंह, मनीष रायजादा, ताज के अध्यक्ष हिमांशु झांकल व ताज के सदस्य उपस्थित थे।
आरटीआई में पूछे गए पांच सवाल
1. जवाहर कला केंद्र की महानिदेशक पूजा सूद का दिल्ली की खोज संस्था से संबंध?
2.खोज संस्था के कितने सदस्य जवाहर कला केंद्र गवरनिंग काउंसिल व प्रबंध कार्यकारिणी के सदस्य हैं?
3.जवाहर कला केंद्र के संविधान में परिवर्तन के लिए सामान्य सभा की बैठक कब—कब बुलाई गई, उसका सम्पूर्ण सत्यापित ब्यौरा?
4.जवाहर कला केंद्र ने अपने कार्यक्रम बजट में राजस्थान की कलाओं और कलाकारों के लिए कितना प्रतिशत बजट निर्धारित किया?
5. महानिदेशक जवाहर कला केंद्र अब तक कितने दिन अपने कार्यालय में उपस्थित रहीं व उन पर होने वाले व्यय की जानकारी?
बता दे कि कुछ दिन पहले ही प्रदेशभर के करीब 200 से ज्यादा कलाकारों ने सरकार की तरफ से स्थानीय कला और कलाकरों की हो रही उपेक्षा को लेकर जवाहर कला केन्द्र के सामन रचनात्मक प्रदर्शन करते हुए विरोध जताया था।
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